US-Iran War: ट्रंप के बयान से पलटा खेल, एक झटके में सस्ता हुआ कच्चा तेल
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से ईरान के साथ युद्ध खत्म होने को लेकर दिए गए बयान से कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली है. मंगलवार को कच्चे तेल के दाम एक दिन में रिकॉर्ड हाई से गिरकर करीब 20 डॉलर प्रति बैरल नीचे आ गए. फ्लोरिडा में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रंप ने कहा कि वे तेल से जुड़े कुछ प्रतिबंधों में ढील देने और अमेरिकी नौसेना के जरिए तेल टैंकरों को स्ट्रेट ऑफर होर्मुज से सुरक्षित गुजरने की व्यवस्था करने पर विचार कर रहे हैं.
ट्रंप ने कहा, हम तेल की कीमतें कम रखना चाहते हैं. यह कीमतें इस संघर्ष के कारण बढ़ गई थीं. हालांकि अभी यह साफ नहीं है कि जहाज स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से सामान्य रूप से गुजर रहे हैं या नहीं. दुनिया की लगभग 20% तेल आपूर्ति इसी रास्ते से गुजरती है. युद्ध के कारण खाड़ी क्षेत्र के बड़े तेल उत्पादक देशों, जैसे सऊदी अरब को भंडारण की कमी के चलते उत्पादन कम करना पड़ा है.
कितना गिरा कच्चा तेल
मंगलवार को ब्रेंट क्रूड की कीमत दिन के सबसे ऊंचे स्तर से 20 डॉलर प्रति बैरल से ज्यादा गिरकर करीब 88.5 डॉलर प्रति बैरल तक आ गई. सोमवार को ब्रेंट क्रूड दिन में 119.5 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया था. इसी तरह WTI अमेरिकी कच्चे तेल के फ्यूचर्स भी करीब 10% गिरकर 85.02 डॉलर प्रति बैरल पर आ गए. सोमवार को यह 115 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर चला गया था.
रिकॉर्ड गिरावट
कच्चे तेल की कीमतों में यह किसी भी दिन के उच्च स्तर से बंद कीमत तक की अब तक की सबसे बड़ी गिरावट मानी जा रही है. मंगलवार सुबह कीमतों में लगभग 10% की और गिरावट आई और यह 90 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गई. इस तरह कीमतों में करीब 38 डॉलर का उतार-चढ़ाव देखा गया, जो 2020 की कोरोना महामारी के बाद सबसे ज्यादा है. उस समय तेल की कीमतें कुछ समय के लिए नकारात्मक भी हो गई थीं.
